Friday, June 25th, 2021

Chhattisgarh Lockdown News : धमतरी जिले में छूट के नए प्रावधानों के साथ 31 मई तक जारी रहेगा लाॅकडाउन


धमतरी 15 मई 2021,न्यूज हसल इंडिया, जिले में कोविड-19 के संक्रमण की अधिक दर के मद्देनजर कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री जयप्रकाश मौर्य ने 16 मई से 31 मई तक लाॅकडाउन की अवधि को बढ़ाने का आदेश जारी किया है, जिसमें कतिपय व्यावसायिक संस्थानों एवं प्रतिष्ठानों को निर्धारित समयावधि के साथ खोलने की अनुमति प्रदान की है। उन्होंने आदेश में कहा है कि जनस्वास्थ्य तथा लोकहित को दृष्टिगत करते हुए भारतीय दण्ड संहिता 1860, एपिडेमिक एक्ट 1897 एवं यथा संशोधित एपिडेमिक एक्ट 2020, आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए महामारी से बचने के यह आदेश पारित किया जाता है।
नाइट कफ्र्यू एवं रविवार को सम्पूर्ण तालाबंदी- कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने 15 मई की रात्रि से 31 मई की रात्रि तक सम्पूर्ण जिले में तालाबंदी एवं नाइट कफ्र्यू लागू रखने का आदेश दिया है। उक्त अवधि में प्रतिदिन शाम पांच बजे से सुबह छह बजे के मध्य प्रत्येक रविवार को सम्पूर्ण तालाबंदी लागू रहेगी। प्रत्येक रविवार को केवल अस्पताल प्रबंधन से संबंधित सेवाओं को छोड़कर समस्त सेवाएं स्थगित रहंेगी।
50 फीसदी स्टाफ के साथ खुलेंगे शासकीय कार्यालय- जिले के सभी शासकीय एवं अर्द्ध शासकीय कार्यालय 50 प्रतिशत कर्मचारियों की उपस्थिति के साथ खुलेंगे। शेष कर्मचारी घर से कार्यालय प्रमुख द्वारा दिए गए कार्य को संपादित करेंगे। आदेश में यह स्पष्ट किया गया है कि कार्यालय प्रमुख आवश्यकता पड़ने पर किसी भी शासकीय कर्मचारी को अपने कार्यालय में कार्यों के संपादन हेतु बुला सकते हैं। शासकीय कार्यालयों में कार्यरत कर्मचारी को प्रदत्त शासकीय पहचान पत्र पास के रूप में मान्य किये जायेंगे। यदि शासकीय पहचान पत्र नहीं है तो कार्यालय प्रमुख ऐसे कर्मचारियों को लाॅकडाउन अवधि में अपने निवास स्थान से कार्यालय आने तक पास जारी करेगा। तालाबंदी की अवधि में शासकीय कार्यालयों में सामान्य व्यक्तियों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। उक्त अवधि में मीटिंग वीडियो कांफ्रेंसिंग अथवा वीडियो मीटिंग लेने का आदेश दिया गया है। शासकीय कार्यालयों में प्रत्येक कर्मचारी को अनिवार्यतः मास्क पहनकर उपस्थित होना होगा।  
(अ.) आवश्यक सेवाएं रहेंगी जारी-
कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने अस्पताल प्रबंधन, जल आपूर्ति, विद्युत आपूर्ति, स्वच्छता सेवाएं, दूरसंचार, आकस्मिक परिवहन सेवाओं सहित गैस डिलीवरी (प्रातः 8.00 बजे से 5.00 बजे तक) की अवधि के मध्य संचालित रहेंगी। गैस डिलीवरी एवं पेट्रोल पम्प को छोड़कर समस्त सेवाएं रविवार को भी सम्पूर्ण लाॅकडाउन के दिन भी संचालित रहेगी। मेडिकल स्टोर्स (24ग7) पेट्रोल पम्प (24ग7) खुलेंगे।
(ब.) अन्य सेवाएं निर्धारित समयावधि में प्रारम्भ होंगी, उल्लंघन करने वालों पर जुर्माने का प्रावधान-
अन्य सेवाओं में ऐसी सेवाओं को रखा गया है जो प्रतिदिन निर्धारित समय के अंतर्गत कड़े कोविड संक्रमण के बचने के उपायों के साथ कार्य का संपादन करेंगे। आदेश में कहा गया है कि कोविड संक्रमण से बचने के उपायों का पालन नहीं करते पाए जाने पर 5 हजार रूपये का अर्थदण्ड एवं एक सप्ताह तक दुकान को सील कर दिया जाएगा।
किराना स्टोर्स, जनरल स्टोर्स लाॅक डाउन अवधि में रोज सुबह 8 बजे से शाम पांच बजे तक ही खुली रहेंगी परंतु मेगामार्ट, सुपर मार्केट, माॅल में स्थित जनरल स्टोर्स की सभी दुकानें उपरोक्त अवधि में पूर्णतया बंद रहेंगी। पशुचारा एवं पशुु आहार से संबंधित दुकानें, कृषि से संबंध दुकानें यथा-कीटनाशक, फर्टिलाइजर खाद तथा कृषि उपकरणों की मरम्मत से संबंधित दुकानें सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक खुली रहेंगी। कृषि उपकरण संबंधी दुकानें उपकरणों के मरम्मत के लिए रोज सुबह आठ से शाम पांच बजे तक खुली रहेंगी। इसी तरह पोल्ट्री, अंडा, मीट, मछली, डेयरी एवं डेयरी उत्पाद से संबंधित दुकानें रोज सुबह आठ बजे से शाम 5 बजे तक खुली रहेगी, जबकि दुग्ध पार्लर शाम 6 बजे से 8 बजे तक सिर्फ दुग्ध का भंडारण कर सकेंगे। इसी प्रकार दूध बेचने वाले शाम को छह से आठ बजे तक घूम-घूमकर दूध बेच सकेंगे। होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा, भोजनालय रात 10 बजे तक होम डिलीवरी अथवा खाद्य पदार्थों को कांउटर से पैकिंग कर बेच सकेंगे। यहां पर किसी भी परिस्थिति में बैठाकर खिलाने की अनुमति नहीं रहेगी।
आदेश के तहत जिले में संचालित सभी बैंकिंग सेवाएं प्रातः 11 बजे से शाम 5 बजे तक खुली रहेंगी। इस अवधि में समस्त प्रकार के कार्य संपादित किये जा सकेंगे। बैंक शाखाओं में भीड़ को रोकने हेतु शाखा प्रबंधक कार्य क्षमता अनुसार टोकन का वितरण करेंगे। इसी प्रकार रजिस्ट्री कार्यालय कार्यालयीन अवधि में प्रतिदिन खुले रहेंगे, जहां आॅनलाइन टोकन प्रणाली पूर्ववत् जारी रहंेगी। डाक सेवाएं, प्राइवेट कोरियर सेवाएं एवं आॅनलाइन वस्तुओं की डिलीवरी करने वाले समस्त प्रतिष्ठान वस्तुओं की आपूर्ति प्रतिदिन सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक कर सकेंगे। इसके अलावा आटा चक्की तथा अन्य फ्लोर मिल भी सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक खुले रहेंगे। वनोपज के संग्रहण, परिवहन एवं विक्रय की छूट रहेगी। चाॅइस सेंटर एवं लोक सेवा केन्द्र से संबंधित दुकानें प्रतिदिन सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक खुली रहेंगी।
थोक अनाज, फल, सब्जी मंडी रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक सामग्री की अनलोडिंग का कार्य कर सकेंगे। सुबह 6 बजे से 10 बजे के मध्य चिल्हर सब्जी व्यापारियों को सब्जी की प्रदायगी थोक मंडियां कर सकेंगी। इसके अलावा इलेक्ट्रिकल्स दुकान, हार्डवेयर, प्लम्बिंग, ए.सी., पंखा बेचने तथा मरम्मत करने संबंधी समस्त दुकानें सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक खुली रह सकेंगी। यह स्पष्ट किया गया है कि इलेक्ट्रिकल्स, भवन निर्माण से संबंधित दुकान ही चालू रहेंगी, जबकि इलेक्ट्राॅनिक्स की दुकानें बंद रहेंगी। शासकीय शराब दुकानों से शराब की होम डिलीवरी पूर्ववत् सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक जारी रहेगी। इसी तरह आवश्यक वस्तुओं, फैक्ट्री तथा कारखानों में उत्पादित वस्तुआंे के परिवहन की पूर्णकालिक छूट रहेगी। वाहनों एवं गाड़ियों के पाट्र्स तथा उपकरण संबंधी दुकानें, वाहनों की मरम्मत संबंधी गैरेज, पंचर दुकानें भी सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक खुली रह सकती हैं।
(स.) इन कार्यों व प्रतिष्ठानों पर जारी रहेगा प्रतिबंधः-
कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने कतिपय प्रतिष्ठानों के संचालन को प्रतिबंधित किया है। आदेश में उल्लेख किया गया है कि जिले में संचालित सभी शराब दुकानें, बार तालाबंदी अवधि में बंद रहेंगी। साथ ही मैरिज हाॅल, माॅल्स, धर्मशाला, क्लब, स्वीमिंग पूल, सुपर मार्केट, कोचिंग क्लास, पार्क, स्कूल व काॅलेज, पान तथा सिगरेट के ठेले, रोड के किनारे पर लगने वाली चाय की दुकान एवं घूम-घूमकर बेचने वाले सभी प्रकार के खाद्य पदार्थ, नाई की दुकान, जिम, सिनेमा हाॅल भी प्रतिबंधित रहेंगे। इस अवधि में जिले में किसी भी प्रकार का राजनीतिक, सामाजिक, धार्मिक तथा सांस्कृतिक आयोजन प्रतिबंधित रहेंगे।
(द) दायें-बायें के नियमानुसार संचालित दुकानें
श्रेणी अ तथा श्रेणी ब में वर्गीकृत दुकानें प्रतिदिन खोली जाएंगी, जो दुकानें श्रेणी अ, ब एवं स के
अन्तर्गत नहीं आते हैं उन्हें छोड़कर समस्त दुकान, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर दाएं एवं बाएं का नियम लागू होगा, जिसका निर्धारण नगरीय निकायों तथा ग्राम पंचायतों द्वारा किया जाएगा।
परिवहन सेवाएं-
जिले में सभी सार्वजनिक परिवहन सेवाएं जिसमें निजी बसें, टैक्सी, आॅटो-रिक्शा, बसें, ई-रिक्शा, रिक्शा इत्यादि भी शामिल हैं, के परिचालन को तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित किया गया है। केवल इमरजेंसी मेडिकल सेवा वाले व्यक्तियों को वाहन द्वारा आवागमन की अनुमति रहेगी। ऐसी निजी वाहन जो इस आदेश के अंतर्गत आवश्यक वस्तुओं, सेवाओं के उत्पादन एवं उनके परिवहन का कार्य कर रहे हों, उन्हें भी आपवादिक स्थिति में तात्कालिक आवश्यकताओं को देखते हुए परिवहन की छूट रहेगी।
गोदाम:-
जिले में संचालित सभी गोदाम रात 10 बजे से सुबह छह बजे तक खुले रहेंगे। उक्त अवधि में गोदाम में सामग्री की आपूर्ति हो सकेगी। गोदाम संचालक अपने अधीनस्थ कार्यरत कर्मचारियों को पास जारी कर सकंेगे जिसे पुलिस प्रशासन द्वारा मान्य किया जाएगा। गोदाम में वस्तुओं की आपूर्ति करने वाले वाहन के सम्मुख आवश्यक सेवा का स्टीकर लगा होना आवश्यक है जिसे गोदाम संचालक द्वारा हस्ताक्षरित एवं प्रमाणित किया जा सकेगा।
निर्माण कार्य
कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने सभी प्रकार के शासकीय तथा निजी निर्माण कार्य संपादित करने की छूट प्रदान की है। निर्माण कार्य में लगने वाली समस्त सामग्री की आपूर्ति करने वाली दुकानें प्रतिदिन सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक ही खुली रहेंगी। निर्माण कार्य में लगने वाले कच्चे माल यथा रेत, गिट्टी, ईंट इत्यादि की आपूर्ति करने वाली खदानें, उद्योग प्रतिदिन सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक संचालित हो सकेंगे। निर्माण कार्य से संबंधित दुकानों में दायें बायें संबंधी नियम लागू नहीं होगा।
उद्योग धंधों/आवश्यक वस्तुओं का परिचालन करने वाले संस्थान-
आदेश के तहत जिले में संचालित उद्योगों, फैक्ट्री में कार्य संपादित (24ग7) किया जा सकेगा परंतु उद्योग संचालक कोे कोविड संक्रमण से बचने के समस्त उपायों का कड़ाई से पालन करना होगा। उद्योग संचालक कार्य स्थल में मजदूरों के आवाजाही हेतु स्वयं पास जारी करेगा जिसे प्रशासन द्वारा मान्य किया जाएगा। ऐसे उद्योगों का संचालक अपने परिवहन हेतु उद्योग विभाग द्वारा जारी पंजीयन की कापी अपने साथ रखेगा जिसे पास के रूप में मान्य होगा। प्रशासन द्वारा किसी भी उद्योगों के संचालन हेतु पृथक से पास जारी नहीं किया जाएगा। इसी प्रकार अन्य आवश्यक वस्तुओं के संचालन करने वाले उपक्रमांे एवं संस्थाओं पर भी यही नियम लागू होगा। उद्योग संचालक अपने प्रतिष्ठान्न में कार्यरत कर्मचारी एवं मजदूरों को आवागमन पास जारी कर सकेगा।
आवागमन के लिए पास-
आदेश में उल्लेख किया गया है कि जिले के भीतर अंतर्जिला और अंतर्राज्यीय पास जारी करने लिए जिले के भीतर शासकीय कर्मचारियों द्वारा परिचय पत्र को कार्यालयीन अवधि में अथवा उसके पश्चात् पास के रूप में मान्य किया जाएगा। ऐसे कर्मचारियों को पृथक से कोई पास नहीं दिया जायेगा। आवश्यक वस्तुओं का संचालन करने वाली निजी व्यावसायिक संस्थानों हेतु पृथक से पास जारी नहीं किया जाएगा। आवश्यक वस्तुओं का संचालन करने वाली संस्था के पास पंजीकृत प्रमाण पत्र को पास के रूप में मान्य किया जाएगा। आवश्यक वस्तुओं का संचालन करने वाली संस्था के संचालक द्वारा अपनी संस्था के अधीन काम करने वाले कर्मचारियों को अपने हस्ताक्षर से पास प्रदान किया जाएगा जिसे जिले के भीतर मान्य किया जाएगा। स्वास्थ्यगत कारणों के आधार पर जिले के भीतर परिवहन हेतु डाॅक्टरों द्वारा लिखित उपचार पर्ची को पास के रूप में मान्य होगा। जिले के बाहर मृत्यु, मेडिकल, एमरजेंसी एवं अन्य आकस्मिक प्रकरण में परिवहन हेतु पास संबंधित अनुविभागीय दण्डाधिकारी कार्यालय से जारी किये जाएंगे। यह अधिकार जिला दण्डाधिकारी धमतरी द्वारा अनुविभागीय दण्डाधिकारी को प्रत्योजित गया है। उक्त आदेश अनुविभागीय दण्डाधिकारी की हैसियत से जारी नहीं किए जाएंगे, बल्कि वास्ते जिला दण्डाधिकारी धमतरी के नाम से जारी किए जाएंगे तथा कार्यालय का नाम भी कार्यालय कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी धमतरी ही अंकित रहेगा। अंतर्राज्यीय परिवहन पास जिला दण्डाधिकारी कार्यालय धमतरी से ही जारी किये जाएंगे।
वैवाहिक कार्यक्रम में 10 व्यक्तियों की अनुमति-
आदेश मंे कहा गया है कि तालाबंदी अवधि में विवाह का कार्य संपादित किया जा सकता है परंतु दोनों पक्ष मिलाकर केवल 10 व्यक्तियों को विवाह में शामिल होने की अनुमति दी जाएगी। इसके लिए अनुविभागीय दण्डाधिकारी के कार्यालय में आवेदन प्रस्तुत करना होगा। आवेदन पत्र में विवाह में किन 10 सगे-संबंधी शामिल होंगे इसकी सूचना आवेदन में लिखकर देनी होगी। संबंधित अनुविभागीय दण्डाधिकारी राजस्व द्वारा विवाह संबंधी आदेश में आवेदन में दिये गये 10 व्यक्तियों के नाम को अभिप्रमाणित किया जाएगा तथा उसमें सील मोहर लगाएगा। तालाबंदी की अवधि अथवा उसके पश्चात् आगामी आदेश तक धर्मशाला, होटल, मैरिज पैलेस, शादी गृह कार्यक्रम में किसी प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम अथवा भोज की अनुमति नहीं होगी।
धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम-
उक्त अवधि में समस्त धार्मिक स्थलों में पूजा-अर्चना यथावत रहेगी परंतु बाहरी व्यक्तियों के प्रवेश को पूर्णतया वर्जित किया गया है। उक्त अवधि में मस्जिदों में बाहरी व्यक्तियों को नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं रहेगी। यह प्रतिबंध मंदिर, मस्जिद, गुरूद्वारा, गिरिजाघर सहित सभी धार्मिक उपासना केन्द्रों में लागू रहेगी। मृत व्यक्तियों के अंतिम संस्कार में अधिकतम 10 व्यक्तियों को शामिल होने की अनुमति प्रदान की गई है। इसमें शामिल होने वाला प्रत्येक व्यक्ति कोरोना संक्रमण से बचने के उपाय का कड़ाई से पालन करेगा। मृतक का अंतिम संस्कार कोरोना प्रोटोकाॅल के तहत ही किया जा सकेगा। इसी प्रकार उक्त अवधि में समस्त धार्मिक, सांस्कृतिक एवं पर्यटन स्थल तथा पर्यटन से संबंधित समस्त गतिविधियां, होटल रिसाॅर्ट बंद रहेंगे। आवश्यक सेवाओं में कार्यरत व्यक्ति अथवा फंसे हुए व्यक्तियों के लिए यह सुविधा चालू रहेगी जिसकी सूचना होटल संचालक द्वारा स्थानीय प्रशासन को दी जाएगी।
लाॅकडाउन अवधि में जारी रहेगा कोविड टीकाकरण-
लाकडाउन के दौरान कोविड-19 के टीकाकरण का कार्य भी संपादित किया जा रहा है अतः ऐसे व्यक्ति जिन्हें टीकाकरण किया जाना है टीकाकरण हेतु प्रातः 9ः00 बजे से सायं 5ः00 बजे तक अपने साथ आधार कार्ड लेकर टीकाकरण केन्द्र हेतु प्रस्थान कर सकते हैं आधार कार्ड को ही टीकाकरण केन्द्र तक पहुंचने हेतु पास के रूप में मान्य होगा।
बंद रहेंगे हाट-बाजार –
जिले के भीतर ग्रामीण तथा नगरीय क्षेत्रों में लगने वाले समस्त साप्ताहिक हाॅट बाजार आगामी आदेश तक बंद रहेंगे।
मीडिया-
जिले के मीडिया कर्मियों को कोरोना संक्रमण से बचने के उपायों का पालन करते हुए कार्य करने की अनुमति दी जाती है। उक्त कार्य में समय की पाबंदी लागू नहीं होगी परंतु प्रत्येक मीडिया कर्मी को पहचान पत्र रखना होगा। समाचार पत्र बांटने वाले हाॅकर को संबंधित ब्यूरो चीफ पहचान पत्र जारी कर सकेंगे।
जुर्माना एवं दण्ड का प्रावधान-
आदेश मंे कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने जुर्माना एवं दण्ड का भी प्रावधान किया है, जिसके तहत मास्क नहीं पहनने पर 500 रूपए, छूट अवधि के पश्चात् घूमते-फिरते पाए जाने पर 500 रूपए, होम आइसोलेशन के नियमों का उल्लंघन करने पर 5000 रूपए, प्रतिबंधित दुकानों के संचालन करते पाये जाने पर 2000 रूपए, सार्वजनिक स्थलों पर थूकने पर 200 रूपए, दुकानों के भीतर सामाजिक दूरी का पालन नहीं करने पर 500 रूपए, धनात्मक व्यक्ति द्वारा दुकान खोले जाने पर 5000 रूपए का अर्थदण्ड एवं एफ.आई.आर. की कार्रवाई की जा सकेगी। इसी तरह बिना डाॅक्टरी प्रिसक्रिप्शन के मेडिकल दुकान में दवा बेचने पर 5000 रूपए का अर्थदण्ड अधिरोपित किया जाएगा। अर्थदण्ड अधिरोपित करने का यह अधिकार समस्त ग्रामीण तथा नगरीय निकाय, पुलिस अधिकारियों को प्रदान किया जाता है। अर्थदण्ड से प्राप्त राशि तत्काल शासकीय खजाने में चालान के माध्यम से जमा की जाकर इसकी सूचना संबंधित कार्यालयों को अगले कार्य दिवस तक किसी भी परिस्थिति में दिए जाने का आदेश दिया गया है।
कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने कहा है कि महामारी एवं सक्रमण की दशा में उक्त आदेश की तामीली व्यक्तिशः नहीं की जा सकती, अतः प्रतिबंधात्मक संबंधी यह आदेश सार्वजनिक रूप से पारित किया जाता है जो सम्पूर्ण जिले में लागू किया गया है। उपरोक्त आदेश का उल्लंघन करने पर भारतीय दण्ड संहिता 1860, की धारा 188, एपिडेमिक एक्ट 1897, आपदा प्रबंधन अधिनियम 2005 की धाराओं के तहत कठोर तथा दण्डात्मक कार्रवाई की जावेगी। यह आदेश 15 मई से 31 मई तक सम्पूर्ण जिले में लागू होगा। उपरोक्त आदेश का कड़ाई से पालन करना तथा किया जाना सुनिश्चित करें।

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