Friday, July 30th, 2021

Galwan Valley: सेना ने कहा- ‘याद रहेगा गलवान का बलिदान’, सोनिया ने दी सरकार को नसीहत

Galwan Valley संघर्ष की पहली बरसी पर भारतीय सेना ने कहा है कि ‘सबसे दुर्गम’ ऊंचाई वाले इलाक़े में लड़ते हुए जान देने वाले सैनिकों का ‘सर्वोच्च बलिदान’ देश की यादों में ‘अनंतकाल’ तक बना रहेगा.

गलवान संघर्ष का एक साल पूरा होने के मौके पर सेना ने उन सैनिकों को याद किया, जिनकी संघर्ष में मौत हो गई थी.

भारतीय सेना ने ट्विटर पर जानकारी दी, “सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे और भारतीय सेना की सभी रैंक ने उन बहादुरों को श्रद्धांजलि दी जिन्होंने लद्दाख की गलवान घाटी में देश की क्षेत्रीय अखंडता और संप्रभुता की रक्षा करते हुएसर्वोच्च बलिदान दिया.”

लेह स्थित 14वीं कोर में भी गलवान में मारे गए सैनिकों को याद किया गया.

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने भी मारे गए सैनिकों को याद किया है. वहीं कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर सवाल उठाते हुए कहा है कि संघर्ष में जान देने वाले सैनिकों के परिजन को अब भी ‘जवाब का इंतज़ार है.’

Galwan Valley

Galwan Valley: सेना ने कहा- ‘याद रहेगा गलवान का बलिदान’, सोनिया ने दी सरकार को नसीहत

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने एक बयान जारी कर कहा है कि कांग्रेस पार्टी ‘सरकार से गुजारिश करती है कि वो देश को भरोसे में लें और ये तय करें कि उनके उठाए कदम उन सैनिकों से किए गए वादों के मुताबिक हों जो बहादुरी और दृढ़ता के साथ सीमा पर डटे हैं.’

वहीं, कांग्रेस ने कहा है कि 20 ‘शहीद जवानों के परिवार को अब भी जवाब का इंतज़ार है.’

लद्दाख क्षेत्र की गलवान घाटी में बीते साल 15 जून को चीन की सेना के साथ हुए संघर्ष में भारतीय सेना के 20 सैनिकों की मौत हो गई थी.

इस संघर्ष के कई महीनों बाद इस साल फरवरी में चीन ने जानकारी दी थी कि संघर्ष में उसके भी पांच सैनिक मारे गए थे. दोनों देशों के बीच करीब पांच दशक में पहली बार ऐसा संघर्ष हुआ था.

उसके बाद से दोनों देशों के बीच तनाव बना हुआ है. मामले को सुलझाने के लिए दोनों देशों के सैन्य अधिकारियों की कई बैठकें हो चुकी हैं.

Galwan Valley में चीन की सेना के साथ संघर्ष में भारतीय मोर्चे की अगुवाई 16 बिहार रेजिमेंट के कमांडिंग ऑफ़िसर कर्नल बी संतोष बाबू कर रहे थे. उन्हें मरणोपरांत महावीर चक्र से सम्मानित किया गया. चार अन्य सैनिकों को मरणोपरांत वीर चक्र से सम्मानित किया गया.

सेना प्रमुख जनरल नरवणे ने बीते महीने कहा था कि भारत ने विश्वास बहाली विकल्प खुले रखे हैं लेकिन भारतीय सेना किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार है

Leave a Reply

x
%d bloggers like this: